बिहार में जेडीयू में निशांत कुमार की नई शुरुआत
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के पुत्र निशांत कुमार ने रविवार को पार्टी कार्यालय में जेडीयू की सदस्यता ग्रहण की। इस अवसर पर कार्यकर्ताओं ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। जेडीयू ने निशांत की पार्टी में एंट्री पर नया नारा भी जारी किया, जो है ‘युवा सोच.. मजबूत संकल्प’। इस दौरान बड़ी संख्या में पार्टी नेता और कार्यकर्ता पटना स्थित प्रदेश जदयू कार्यालय पहुंचे।
प्रमुख नेताओं की मौजूदगी में निशांत कुमार की सदस्यता
इस कार्यक्रम में जेडीयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा, केंद्रीय मंत्री ललन सिंह और मंत्री विजय कुमार चौधरी भी उपस्थित थे। हालांकि, इस दौरान निशांत के पिता और बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार वहां मौजूद नहीं थे। सदस्यता ग्रहण के बाद निशांत कुमार ने अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा, “मैं सभी का धन्यवाद करता हूं। आपने मुझ पर जो भरोसा दिखाया है, मैं उसकी पूरी कोशिश करूंगा। मुझे गर्व है कि पिछले 20 वर्षों में मेरे पिता ने बिहार और देश के लिए जो काम किया है, उससे मैं प्रेरित हूं।”
निशांत कुमार का परिचय और राजनीतिक भविष्य
निशांत कुमार एक शिक्षित और गंभीर व्यक्तित्व के युवा नेता हैं। वे पेशे से एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर हैं, जिन्होंने रांची के बिरला इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (BIT) मेसरा से अपनी पढ़ाई पूरी की है। जून 2025 में जेडीयू के महासचिव परम हंस कुमार ने भी निशांत को राजनीति में शामिल होने की सलाह दी थी। उन्होंने कहा था कि वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए निशांत को पार्टी और राज्य की बेहतरी के लिए सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए।
अगले महीने होने वाले एमएलसी चुनाव के माध्यम से निशांत कुमार के राजनीतिक करियर में नई दिशा मिलने की संभावना है। जनता दल यूनाइटेड के विधायक हरिनारायण सिंह ने भी संकेत दिया है कि नीतीश कुमार 10 अप्रैल के बाद मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देंगे, और निशांत इस चुनाव में भाग लेकर एमएलसी बन सकते हैं। साथ ही, कयास लगाए जा रहे हैं कि नई सरकार में निशांत को डिप्टी मुख्यमंत्री का पद भी मिल सकता है, जिसे सबकी सहमति से तय किया गया है।










