मध्य प्रदेश के शिवपुरी में वफादार कुत्ते की अनोखी कहानी
किताबों और फिल्मों में अक्सर देखा जाता है कि इंसान और जानवर के बीच गहरी प्रेम और वफादारी की मिसालें मिलती हैं। लेकिन मध्य प्रदेश के शिवपुरी जिले से आई एक घटना ने हर संवेदनशील व्यक्ति का दिल छू लिया है। यह कहानी उस कुत्ते की है जिसने अपने मालिक के प्रति अद्भुत निष्ठा का परिचय दिया।
मालिक की आत्महत्या के बाद कुत्ते का अनूठा व्यवहार
बडोरा गांव के निवासी जगदीश प्रजापति ने अपने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। इस घटना के बाद उनका पालतू कुत्ता पूरी रात अपने मालिक के शव के पास ही रहा। जब शव को पोस्टमार्टम के लिए करैरा ले जाया गया, तो यह वफादार कुत्ता ट्रैक्टर-ट्रॉली के पीछे दौड़ता रहा। अंततः परिजनों को उसे ट्रॉली में बैठाना पड़ा।
कुत्ते की निष्ठा और उसकी अंतिम यात्रा
यह वफादार कुत्ता पोस्टमार्टम हाउस के दौरान भी अपने मालिक के शव के साथ रहा। पीएम के बाद वह शव के साथ वापस लौटा और अंतिम संस्कार के समय भी शमशान घाट तक पहुंचा। करैरा थाना प्रभारी शैलेंद्र सिंह चौहान ने कहा कि जब शव को पोस्टमार्टम के लिए ले जाया जा रहा था, तब यह कुत्ता करीब चार किलोमीटर तक ट्रैक्टर-ट्रॉली के पीछे दौड़ा। जब तक गांव वाले उसे मृतक के पास नहीं बैठाते, वह नहीं माना। यह पूरी घटना उसकी गहरी निष्ठा और प्रेम का प्रमाण है।









