दिल्ली के किराड़ी क्षेत्र में जलभराव और सीवेज समस्या का समाधान
दिल्ली के किराड़ी विधानसभा क्षेत्र की शर्मा कॉलोनी और मुबारकपुर में ‘आजतक’ की रिपोर्ट ने गंभीर समस्या को उजागर किया है। महीनों से गंदे पानी और सीवेज के बीच जीवन यापन कर रहे हजारों लोगों की परेशानियों पर आखिरकार दिल्ली सरकार ने ध्यान दिया है। इस रिपोर्ट ने स्थानीय जनता की बेबसी को सामने लाया, जिसमें बताया गया कि बिना बारिश के भी शर्मा कॉलोनी के कई घर सीवेज के काले पानी में डूबे हुए हैं।
सरकार का त्वरित कदम और स्थानीय अधिकारियों की भूमिका
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और उपमुख्यमंत्री प्रवेश वर्मा ने इस रिपोर्ट का संज्ञान लेते हुए जलभराव की समस्या को जड़ से खत्म करने का वादा किया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि शर्मा कॉलोनी जैसी स्थिति किसी कूड़ाघर जैसी थी, जिसे अब साफ किया जाएगा और यहां छठ घाट बनाया जाएगा। उन्होंने स्थानीय विधायक पर भी निशाना साधते हुए पूछा कि पिछले 11 वर्षों से यहां सीवर लाइन क्यों नहीं डाली गई।
जलभराव से निपटने के लिए प्रस्तावित स्थायी समाधान
उपमुख्यमंत्री प्रवेश वर्मा ने गूगल अर्थ के आंकड़ों का हवाला देते हुए बताया कि 2014 तक यह क्षेत्र सूखा था, लेकिन केजरीवाल सरकार की लापरवाही के कारण 2025 तक यह इलाका जलमग्न हो गया। उन्होंने घोषणा की कि अब युद्धस्तर पर दो प्रमुख ट्रंक ड्रेन का निर्माण किया जाएगा। इनमें से एक है किराड़ी-मुंडका हॉल्ट ड्रेन, जिसकी लंबाई 4.5 किमी है और इस पर लगभग 220.93 करोड़ रुपये खर्च होंगे। दूसरी है किराड़ी-रिठाला ट्रंक ड्रेन, जिसकी लंबाई 7.2 किमी है और इसकी लागत लगभग 250.21 करोड़ रुपये होगी, जिसकी क्षमता 1160 क्यूसेक है।










