बिहार में ज्वेलरी दुकानों की सुरक्षा के लिए नई नीति लागू
बिहार सरकार ने ज्वेलरी दुकानों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। 8 जनवरी से राज्य की सोने और चांदी की दुकानों में प्रवेश के लिए हिजाब, नकाब, बुर्का, मास्क और हेलमेट जैसे चेहरे ढकने वाले वस्त्र पहनकर आने पर रोक लगा दी गई है। इस कदम का उद्देश्य चोरी और लूट की घटनाओं को रोकना है, ताकि ग्राहकों और दुकानदारों दोनों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
सुरक्षा बढ़ाने के लिए उठाया गया कदम
ज्वेलरी शॉप एसोसिएशन का मानना है कि इस निर्णय से न केवल संदिग्ध व्यक्तियों की पहचान आसान होगी, बल्कि आपराधिक गतिविधियों को भी रोका जा सकेगा। यह कदम खासकर उन इलाकों में लागू किया गया है जहां चोरी और लूट की घटनाएं अक्सर होती हैं। इस नई नीति का उद्देश्य ग्राहकों और विक्रेताओं दोनों को सुरक्षित माहौल प्रदान करना है, ताकि बाजार में विश्वास बना रहे।
सिपरी बाजार में ज्वेलर्स का निर्णय और उसकी वजह
सिपरी बाजार में ज्वेलर्स ने भी अपने ग्राहकों के चेहरे ढकने पर प्रतिबंध लगा दिया है। इस निर्णय का मुख्य कारण यह है कि चेहरे ढकने वाले वस्त्रों से संदिग्ध गतिविधियों की पहचान करना कठिन हो जाता है। ज्वेलर्स का मानना है कि इस कदम से न केवल सुरक्षा बढ़ेगी, बल्कि बाजार में अव्यवस्था भी कम होगी। यह कदम ग्राहकों और विक्रेताओं दोनों के हित में है, ताकि बाजार में विश्वास और सुरक्षा का माहौल कायम रहे।










